लेखक: अभ्यास नीति | Last Updated: 5 अक्टूबर 2026
इस सूची में 60 जाँचे हुए मुहावरे हैं — हर मुहावरे के साथ एक लाइन में अर्थ और एक वाक्य-प्रयोग। 40 मुहावरे दो स्वतंत्र स्रोतों से मिलाकर जाँचे गए हैं और 20 NCERT Class 10 की सूची से लिए गए हैं। आखिर में याद रखने की ट्रिक, मुहावरे और लोकोक्ति का अंतर, और 10 प्रश्नों का क्विज़ है।
इस पेज में
- मुहावरा क्या है
- 60 मुहावरों की सूची
- याद रखने की ट्रिक
- मुहावरे vs लोकोक्ति
- क्विज़: 10 प्रश्न
- जान के लाले पड़ना — भारी संकट में फँसना। वाक्य: बाढ़ में फँसे लोगों की जान के लाले पड़ गए।
- टस से मस न होना — अपने निर्णय से न हटना। वाक्य: लाख समझाने पर भी वह टस से मस नहीं हुआ।
- टाँग अड़ाना — काम में बाधा डालना। वाक्य: हर अच्छी योजना में वह टाँग अड़ाता है।
- टेढ़ी खीर — बहुत कठिन काम। वाक्य: बिना मेहनत के सफलता पाना टेढ़ी खीर है।
- तलवे चाटना — चापलूसी करना। वाक्य: तरक्की के लिए अफसरों के तलवे चाटना ठीक नहीं।
- तूती बोलना — धाक जमना। वाक्य: उस ज़माने में इस घराने की तूती बोलती थी।
- तेल देखो तेल की धार देखो — धैर्य रखकर स्थिति को देखना। वाक्य: अभी फैसला मत करो, तेल देखो तेल की धार देखो।
- दाँत खट्टे करना — बुरी तरह हरा देना। वाक्य: भारतीय सेना ने दुश्मन के दाँत खट्टे कर दिए।
- दाल में कुछ काला होना — कोई गड़बड़ी या संदेह होना। वाक्य: वह बार-बार बयान बदल रहा है, लगता है दाल में कुछ काला है।
- नाक कटना — बदनामी होना। वाक्य: बेटे की करतूत से पूरे परिवार की नाक कट गई।
- नाक में दम करना — बहुत परेशान करना। वाक्य: पड़ोस के बच्चों ने शोर मचाकर सबकी नाक में दम कर दिया।
- नौ दो ग्यारह होना — भाग जाना। वाक्य: चौकीदार को आता देख चोर नौ दो ग्यारह हो गया।
- पानी-पानी होना — बहुत लज्जित होना। वाक्य: झूठ पकड़े जाने पर वह सबके सामने पानी-पानी हो गया।
- मुँह की खाना — हार जाना। वाक्य: घमंड में आए पहलवान को मुँह की खानी पड़ी।
- रंगे हाथ पकड़ा जाना — गलत काम करते हुए पकड़ा जाना। वाक्य: नकल करते हुए छात्र रंगे हाथ पकड़ा गया।
- राई का पहाड़ बनाना — छोटी-सी बात को बढ़ा-चढ़ाकर कहना। वाक्य: ज़रा-सी देर होने पर राई का पहाड़ मत बनाओ।
- लोहे के चने चबाना — बहुत कठिन काम करना। वाक्य: बिना पढ़े नौकरी पाना लोहे के चने चबाने जैसा है।
- सिर पर कफन बाँधना — जान की परवाह किए बिना लड़ना। वाक्य: स्वतंत्रता सेनानियों ने सिर पर कफन बाँधकर अंग्रेजों से टक्कर ली।
- हाथ पर हाथ धरे बैठना — कुछ न करके निष्क्रिय बैठना। वाक्य: काम सामने पड़ा है और तुम हाथ पर हाथ धरे बैठे हो।
- हाथ मलना — पछताना। वाक्य: मौका हाथ से निकल जाने पर अब हाथ मलने से क्या फायदा।
- अंगों के समूह बनाओ। आँख वाले — आँखों का तारा, आँखों में धूल झोंकना, आँख खुलना, आँख दिखाना। नाक वाले — नाक में दम करना, नाक कटना। कान वाले — कान भरना, कान खड़े हो जाना, कान का कच्चा होना। हाथ वाले — हाथ पर हाथ धरे बैठना, हाथ मलना। एक समूह एक बार में याद हो जाता है।
- वाक्य बनाकर याद करो। सिर्फ अर्थ रटने से दो दिन में भूल जाओगे। हर मुहावरे का वाक्य एक बार ज़ोर से बोलकर देखो — मुँह से निकला वाक्य दिमाग में टिकता है।
- उल्टे अर्थ वालों को जोड़े में रखो। ‘अपने पैरों पर खड़ा होना’ (आत्मनिर्भर) बनाम ‘अपने पैरों पर कुल्हाड़ी मारना’ (खुद नुकसान)। ‘खून खौलना’ (क्रोध) बनाम ‘खून-पसीना एक करना’ (मेहनत)। जोड़ा याद रहेगा तो दोनों याद रहेंगे।
- रोज़ 10 का नियम। 60 मुहावरे 6 दिन में पूरे करो और हर दिन पुराने दोहराओ। परीक्षा से एक दिन पहले सिर्फ वाक्य-प्रयोग वाली सूची दोहराओ।
याद रखने की ट्रिक
60 मुहावरे रटने के बजाय चार तरीके अपनाओ।
मुहावरे vs लोकोक्ति
परीक्षा में सबसे ज़्यादा भ्रम इन्हीं दोनों में होता है। मुहावरा वाक्य का हिस्सा होता है — इसके बिना वाक्य अधूरा लगता है। जैसे: ‘चोर नौ दो ग्यारह हो गया।’ यहाँ ‘नौ दो ग्यारह हो गया’ हटाओ तो वाक्य बिगड़ जाएगा। लोकोक्ति अपने आप में पूरी बात कहती है — यह स्वतंत्र वाक्य होती है। जैसे: ‘जैसी करनी वैसी भरनी।’ इसे किसी वाक्य में जोड़ने की ज़रूरत नहीं। पहचान का नियम: अगर वह टुकड़ा किसी वाक्य में फिट होकर उसका अर्थ पूरा करे तो मुहावरा है; अगर वह खुद ही पूरी सीख या बात कह दे तो लोकोक्ति है।
क्विज़: 10 प्रश्न
नीचे 10 प्रश्न हैं। हर प्रश्न इसी पेज के मुहावरों से बना है।
Q1: "आँखों का तारा" का अर्थ क्या है? A: बहुत प्रिय होना B: आँखों की बीमारी C: दूर की चीज़ D: नज़र लगना ANS: A WHY: आँखों का तारा = बहुत प्रिय व्यक्ति; जैसे मोहन अपनी दादी की आँखों का तारा है। Q2: "नौ दो ग्यारह होना" का अर्थ क्या है? A: गिनती करना B: खेल खेलना C: भाग जाना D: समय देखना ANS: C WHY: नौ दो ग्यारह होना = भाग जाना; जैसे चौकीदार को देखकर चोर नौ दो ग्यारह हो गया। Q3: "खून-पसीना एक करना" का अर्थ क्या है? A: लड़ाई करना B: बहुत कड़ी मेहनत करना C: घायल होना D: पसीना पोंछना ANS: B WHY: खून-पसीना एक करना = बहुत कड़ी मेहनत करना। Q4: "टस से मस न होना" का अर्थ क्या है? A: जल्दी मान जाना B: सो जाना C: भाग जाना D: अपने निर्णय से न हटना ANS: D WHY: टस से मस न होना = अपने निर्णय पर अडिग रहना। Q5: "राई का पहाड़ बनाना" का अर्थ क्या है? A: छोटी-सी बात को बढ़ा-चढ़ाकर कहना B: पहाड़ चढ़ना C: खेती करना D: वज़न उठाना ANS: A WHY: राई का पहाड़ बनाना = छोटी बात को बड़ा बनाना। Q6: "आस्तीन का साँप" किसे कहते हैं? A: पालतू साँप B: लंबा आदमी C: विश्वासघाती व्यक्ति D: चालाक लोमड़ी ANS: C WHY: आस्तीन का साँप = विश्वासघाती व्यक्ति; जैसे जिसे भाई समझा था वही आस्तीन का साँप निकला। Q7: "मुँह की खाना" का अर्थ क्या है? A: खाना खाना B: हार जाना C: बात करना D: हँसना ANS: B WHY: मुँह की खाना = हार जाना; जैसे घमंडी पहलवान को मुँह की खानी पड़ी। Q8: "गुदड़ी का लाल" का अर्थ क्या है? A: लाल कपड़ा B: अमीर बच्चा C: लाल फूल D: गरीबी में पला-बढ़ा प्रतिभाशाली व्यक्ति ANS: D WHY: गुदड़ी का लाल = गरीबी में पला प्रतिभाशाली व्यक्ति; जैसे लाल बहादुर शास्त्री। Q9: "टेढ़ी खीर" का अर्थ क्या है? A: मीठा व्यंजन B: टेढ़ा रास्ता C: बहुत कठिन काम D: खराब खाना ANS: C WHY: टेढ़ी खीर = बहुत कठिन काम; जैसे बिना मेहनत सफलता पाना टेढ़ी खीर है। Q10: मुहावरे और लोकोक्ति में मुख्य अंतर क्या है? A: मुहावरा वाक्य का हिस्सा होता है, लोकोक्ति अपने आप में पूर्ण बात कहती है B: कोई अंतर नहीं होता C: लोकोक्ति हमेशा छोटी होती है D: मुहावरा हमेशा लंबा होता है ANS: A WHY: मुहावरा वाक्य में प्रयोग होता है; लोकोक्ति स्वतंत्र पूर्ण कथन होती है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
मुहावरा किसे कहते हैं? मुहावरा शब्दों का ऐसा समूह है जो अपना शाब्दिक अर्थ छोड़कर विशेष अर्थ देता है और वाक्य में प्रयोग होता है। जैसे ‘आँखों का तारा’ का अर्थ ‘बहुत प्रिय व्यक्ति’ है, आँख का तारा नहीं।
मुहावरे और लोकोक्ति में क्या अंतर है? मुहावरा वाक्य का अंग होता है — जैसे ‘नौ दो ग्यारह होना’ वाक्य में प्रयोग होता है। लोकोक्ति अपने आप में पूरी बात कहती है — जैसे ‘जैसी करनी वैसी भरनी’।
परीक्षा में मुहावरे कैसे पूछे जाते हैं? तीन रूपों में — मुहावरे का अर्थ बताना, वाक्य में प्रयोग करना, और रिक्त स्थान में सही मुहावरा चुनना। इस पेज के हर मुहावरे के साथ अर्थ और वाक्य दोनों दिए गए हैं।
मुहावरे जल्दी कैसे याद करें? शरीर के अंगों वाले मुहावरों के समूह बनाओ, हर मुहावरे का वाक्य खुद बोलकर देखो, और उल्टे अर्थ वालों को जोड़े में याद करो।
क्या इस सूची के सभी 60 मुहावरे जाँचे हुए हैं? हाँ। 40 मुहावरे दो स्वतंत्र स्रोतों से मिलाकर जाँचे गए हैं और 20 NCERT Class 10 की सूची से लिए गए हैं।
आगे पढ़ें
व्याकरण के और विषय — हर पेज पर नियम, ट्रिक और क्विज़:
- संधि: परिभाषा, भेद और पहचानने की ट्रिक — व्याकरण का pillar लेख।
- स्वर संधि: भेद, नियम और उदाहरण — पाँचों भेद सूत्र में।
- व्यंजन संधि और विसर्ग संधि — 11 व्यंजन और 9 विसर्ग नियम।
स्रोत
स्रोत: 40 मुहावरों के अर्थ दो स्वतंत्र स्रोतों की मुहावरा-सूचियों से मिलाकर जाँचे गए। 20 मुहावरे edurev.in की ‘महत्वपूर्ण मुहावरें एवं उनके अर्थ’ (Hindi Class 10) सूची से — 4 अक्टूबर 2026 को खोला और जाँचा। सभी वाक्य-प्रयोग मौलिक हैं।
मुहावरा क्या है
मुहावरा शब्दों का ऐसा समूह है जो अपना शाब्दिक अर्थ छोड़कर कोई विशेष अर्थ देता है। जैसे ‘आँखों का तारा’ का शाब्दिक अर्थ आँख का तारा नहीं, बल्कि ‘बहुत प्रिय व्यक्ति’ है। मुहावरे हमेशा वाक्य में प्रयोग किए जाते हैं — अकेले इनका प्रयोग नहीं होता। परीक्षा में इनके अर्थ के साथ-साथ वाक्य-प्रयोग भी पूछा जाता है, इसलिए हर मुहावरे को वाक्य के साथ याद करो।
60 मुहावरों की सूची — अर्थ और वाक्य-प्रयोग
सूची वर्णानुक्रम में है। हर मुहावरे के साथ अर्थ और एक वाक्य-प्रयोग दिया गया है।
- अंकुश लगाना — नियंत्रण में रखना। वाक्य: बच्चों की बिगड़ती आदतों पर अंकुश लगाना ज़रूरी है।
- अक्ल पर पत्थर पड़ना — बुद्धि का मारा जाना। वाक्य: मेरी अक्ल पर पत्थर पड़े थे जो मैंने उस पर भरोसा किया।
- अपना उल्लू सीधा करना — अपना स्वार्थ सिद्ध करना। वाक्य: नेता जनता के नाम पर अपना उल्लू सीधा करते हैं।
- अपनी खिचड़ी अलग पकाना — सबसे अलग-थलग रहना। वाक्य: टीम में रहकर काम करो, अपनी खिचड़ी अलग मत पकाओ।
- अपने पैरों पर कुल्हाड़ी मारना — खुद अपना नुकसान करना। वाक्य: नौकरी छोड़कर उसने अपने पैरों पर कुल्हाड़ी मार ली।
- अपने पैरों पर खड़ा होना — आत्मनिर्भर बनना। वाक्य: पढ़-लिखकर अपने पैरों पर खड़ा होना ही असली सफलता है।
- आँख खुलना — सच्चाई समझ में आ जाना। वाक्य: धोखा खाने के बाद मेरी आँखें खुल गईं।
- आँख दिखाना — डराना-धमकाना। वाक्य: पिता ने आँखें दिखाईं तो बेटा चुप हो गया।
- आँखों का तारा — बहुत प्रिय होना। वाक्य: मोहन अपनी दादी की आँखों का तारा है।
- आँखों में धूल झोंकना — धोखा देना। वाक्य: नकली सामान बेचकर दुकानदार ग्राहकों की आँखों में धूल झोंक रहा था।
- आटे-दाल का भाव मालूम होना — असलियत का पता चलना। वाक्य: खुद कमाकर खर्च चलाओगे तब आटे-दाल का भाव मालूम होगा।
- आसमान सिर पर उठाना — बहुत शोर मचाना। वाक्य: बिजली गुल होते ही बच्चों ने आसमान सिर पर उठा लिया।
- आसमान से गिरा खजूर में अटका — एक मुसीबत से निकलकर दूसरी में फँसना। वाक्य: कर्ज़ चुकाने के लिए और कर्ज़ लिया — आसमान से गिरा खजूर में अटका।
- आस्तीन का साँप — विश्वासघाती व्यक्ति। वाक्य: जिसे भाई समझा था वही आस्तीन का साँप निकला।
- ईंट से ईंट बजाना — पूरी तरह नष्ट कर देना। वाक्य: बाढ़ ने गाँव की ईंट से ईंट बजा दी।
- उँगली उठाना — दोष लगाना। वाक्य: ईमानदारी से काम करो ताकि कोई उँगली न उठा सके।
- ऊँट के मुँह में जीरा — ज़रूरत से बहुत कम होना। वाक्य: भूखे को एक रोटी ऊँट के मुँह में जीरा है।
- कमर कसना — पूरी तरह तैयार हो जाना। वाक्य: बोर्ड परीक्षा के लिए अब कमर कस लो।
- कमर टूटना — हिम्मत टूट जाना। वाक्य: लगातार असफलता से उसकी कमर टूट गई।
- कलेजे का टुकड़ा — अत्यंत प्रिय व्यक्ति। वाक्य: इकलौता बेटा माता-पिता के कलेजे का टुकड़ा होता है।
- काठ का उल्लू — बिल्कुल मूर्ख व्यक्ति। वाक्य: इतनी आसान बात न समझे — पूरा काठ का उल्लू है।
- कान का कच्चा होना — दूसरों की बात पर जल्दी विश्वास कर लेना। वाक्य: जो अधिकारी कान का कच्चा होता है वह सही न्याय नहीं कर पाता।
- कान खड़े हो जाना — चौकन्ना हो जाना। वाक्य: अजीब आवाज़ सुनकर मेरे कान खड़े हो गए।
- कान भरना — किसी के खिलाफ भड़काना। वाक्य: पड़ोसी ने मालिक के कान भरकर नौकर को निकलवा दिया।
- खरी-खोटी सुनाना — भला-बुरा कहना। वाक्य: बिना गलती के भी मालिक ने नौकर को खरी-खोटी सुना दी।
- खाक में मिलना — पूरी तरह नष्ट हो जाना। वाक्य: आग ने पुरानी हवेली को खाक में मिला दिया।
- खून खौलना — बहुत क्रोध आना। वाक्य: अपमान की बात सुनकर उसका खून खौल उठा।
- खून-पसीना एक करना — बहुत कड़ी मेहनत करना। वाक्य: किसान ने अच्छी फसल के लिए खून-पसीना एक कर दिया।
- गड़े मुर्दे उखाड़ना — पुरानी बातों को दोहराना। वाक्य: सुलह के बाद गड़े मुर्दे उखाड़ने से क्या लाभ।
- गले का हार — अत्यंत प्रिय वस्तु या व्यक्ति। वाक्य: यह पुस्तक मेरे गले का हार है।
- गाल बजाना — बढ़-चढ़कर बातें करना। वाक्य: काम कुछ नहीं, बस गाल बजाना आता है उसे।
- गुदड़ी का लाल — गरीबी में पला-बढ़ा प्रतिभाशाली व्यक्ति। वाक्य: लाल बहादुर शास्त्री गुदड़ी के लाल थे।
- घाव पर नमक छिड़कना — दुखी व्यक्ति को और दुख पहुँचाना। वाक्य: असफलता पर ताने मारकर उसके घाव पर नमक मत छिड़को।
- चंगुल में फँसना — किसी के काबू में आ जाना। वाक्य: लालच में आकर वह ठगों के चंगुल में फँस गया।
- चकमा देना — धोखा देकर निकल जाना। वाक्य: चोर पुलिस को चकमा देकर भाग निकला।
- चार चाँद लगाना — शोभा बढ़ा देना। वाक्य: नए पर्दों ने कमरे में चार चाँद लगा दिए।
- चार दिन की चाँदनी — थोड़े समय की समृद्धि। वाक्य: धन पर घमंड मत करो, यह चार दिन की चाँदनी है।
- चिकना घड़ा — जिस पर किसी बात का असर न हो। वाक्य: उसे कितना भी समझाओ, वह तो चिकना घड़ा है।
- छप्पर फाड़कर देना — भाग्य से अचानक बड़ा लाभ होना। वाक्य: मेहनती को भगवान छप्पर फाड़कर देता है।
- छोटे मुँह बड़ी बात — अपनी मर्यादा से बढ़कर बोलना। वाक्य: बड़ों के सामने छोटे मुँह बड़ी बात शोभा नहीं देती।